आस्था के महापर्व छठ को भव्य बनाने की तैयारी को लेकर जिला-प्रशासन की ओर से घाटों की सफाई कराने का आदेश दिया गया है। देहरादून में ऐसा पहली बार होगा, जब तीन स्थलों पर नदियों के किनारे छठ पूजा के विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं, ताकि व्रत करने वालों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े। छठ पर्व आज से नहाए-खाए के साथ शुरू हो गया है। यह चार दिवसीय पर्व 28 अक्तूबर (मंगलवार) को ऊषा अर्घ्य के साथ संपन्न होगा। बिहारी महासभा ने बताया कि छठ की शुरुआत नहाए खाए से होती है। नहाए खाने में सबसे पहले महिलाएं जल तत्व का सेवन करती है। इसके तहत वह जल से भरे हुए सब्जी का सेवन करते हैं। दूसरे दिन खरना के समय चावल और गुड़ का सेवन किया जाता है। गुड़ एक अग्नि तत्व होता है और तीसरे दिन निर्जल उपवास रखकर जल तत्व का सेवन करते हैं। चौथे दिन भोर में अर्घ्य के दौरान वह वायु तत्व का अनुसरण करती है।वही बिहार महासभा के अध्यक्ष लल्लन सिंह के द्वारा भी टपकेश्वर नदी की साफ सफाई कराई गई जिस पर बिहार महासभा के लोगों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया।
ब्रेकिंग न्यूज़ -
- फर्जी प्रमाणपत्रों के मामले में हाईकोर्ट जाएंगे आरटीआई एक्टिविस्ट एडवोकेट विकेश सिंह नेगी, जनहित याचिका दाखिल करने की तैयारी
- प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में 8 दशक पुरानी किशाऊ परियोजना को मिली निर्णायक गति
- सीएम हेल्पलाइन 1905 की समीक्षा, शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
- यूआईआईडीबी पर सरकार की सफाई, पूर्व विधायक मनोज रावत ने उठाए सवाल
- अयोध्या में देवभूमि की पहचान, रुद्रपुर में युवाओं की उड़ान
- गणेश जोशी के आय से अधिक संपत्ति मामले पर सियासत तेज, आदेश की कॉपी को लेकर उठे सवाल
- हरिद्वार रुड़की विकास प्राधिकरण को लगातार चुनौती! फिर भी भ्रामक विज्ञापन दिखाकर ठगने वालों पर कार्रवाई नहीं?
- आधी रात थार से खतरनाक स्टंट, सनरूफ से बाहर युवक-युवती
- धामी कैबिनेट के 10 बड़े फैसले, मेडिकल इंटर्न स्टाइपेंड बढ़ा, खिलाड़ियों के लिए 243 पदों को मंजूरी
- हत्या या आत्महत्या?
Wednesday, September 16

